गरम होता समुद्र, डगमगाता कोली जीवन | Mumbai Fishermen & Climate Change
यह समुद्र है। मुंबई का समुद्र। और यही समुद्र कोली समुदाय की पहचान रहा है। लेकिन आज यह समुद्र बदल रहा है। और इसका असर सीधे उन मछुआरों की ज़िंदगी पर पड़ रहा है, जो पीढ़ियों से इसी पानी पर निर्भर रहे हैं।
इस वीडियो में हम समझते हैं कि कैसे
समुद्र का बढ़ता तापमान
मछलियों का बदलता रास्ता
बढ़ते चक्रवात और अनिश्चित मौसम
और समुद्र स्तर में वृद्धि
कोली मछुआरों की आजीविका, सुरक्षा और भविष्य को खतरे में डाल रहे हैं। संयुक्त राष्ट्र और IPCC के अनुसार, पिछले सौ वर्षों में समुद्र की सतह का तापमान लगातार बढ़ा है। वैज्ञानिक बताते हैं कि अरब सागर 1980 के बाद से लगभग 1°C तक गर्म हो चुका है। FAO के मुताबिक, समुद्र के गर्म होने से हज़ारों मछली प्रजातियों का वितरण बदल रहा है, जिससे पारंपरिक मछुआरे सबसे ज़्यादा प्रभावित हो रहे हैं। IMD के आंकड़े दिखाते हैं कि अरब सागर में चक्रवातों की तीव्रता बढ़ी है, जिससे समुद्र में सुरक्षित दिन कम होते जा रहे हैं। लेकिन कहानी सिर्फ संकट की नहीं है। World Bank और विशेषज्ञ बताते हैं कि अगर पारंपरिक ज्ञान, वैज्ञानिक चेतावनी और बेहतर नीतियां साथ आएं, तो इस नुकसान को काफी हद तक रोका जा सकता है।
यह वीडियो सिर्फ जलवायु परिवर्तन की कहानी नहीं है। यह पहचान, परंपरा और सम्मान की लड़ाई है।समुद्र को सुनने का समय आ गया है। और उन लोगों को बचाने का भी, जो पीढ़ियों से इसकी रक्षा करते आए हैं।